परिवार की उम्मीदों पर भारी पड़ा सामाजिक संकल्प, UGC, SC ST ACT एवं आरक्षण सुधार की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन आंदोलन जारी
रिपोर्ट विवेक राय
वाराणसी। तीज के पर्व पर जहां घर-परिवार में उत्सव और तैयारियों का माहौल रहा, वहीं वाराणसी में UGC, SC ST ACT एवं आरक्षण सुधार की मांग को लेकर चल रहा अनिश्चितकालीन आंदोलन जारी रहा। शास्त्रीय घाट, वरुणा पुल और वाराणसी कचहरी में धरने पर बैठे आंदोलनकारियों ने पर्व के बावजूद अपने आंदोलन से पीछे हटने से इनकार किया।
तीज के अवसर पर कई आंदोलनकारियों के परिजन उन्हें घर लौटने की प्रतीक्षा करते रहे। परिवार की ओर से फोन भी आते रहे, लेकिन आंदोलनकारियों ने समाज के लिए लिए गए संकल्प को प्राथमिकता दी और धरना स्थल पर ही बने रहे। आंदोलनकारियों का कहना है कि सामाजिक मुद्दों को लेकर शुरू किए गए संघर्ष को बीच में छोड़ना उनके लिए उचित नहीं होगा।
आंदोलनकारी गौतम मिश्रा बल्लू एवं बृजेश मिश्रा ने कहा कि परिवार उनके लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन समाज के हित में लिया गया संकल्प भी उनकी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि तीज के पर्व पर घर नहीं जा पाने का उन्हें दुख है, लेकिन समाज के अधिकारों और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य से जुड़े मुद्दों को लेकर वे अपने कर्तव्य से पीछे नहीं हटेंगे।
उन्होंने स्पष्ट किया कि आंदोलन किसी व्यक्तिगत स्वार्थ के लिए नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के अधिकारों और व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर किया जा रहा है।
धरना स्थल पर मौजूद आंदोलनकारियों ने पर्व के दौरान भी एकजुटता बनाए रखी। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांगों को लेकर ठोस पहल नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलनकारियों ने अपने संकल्प को दोहराते हुए कहा कि सामाजिक मुद्दों को लेकर शुरू किए गए इस संघर्ष में वे लगातार अपनी भागीदारी बनाए रखेंगे।
धरना स्थल पर बृजेश मिश्रा, अविनाश मिश्रा, गौतम मिश्रा बल्लू, सनातनी चन्दन बाबा, सनातनीय पुतुल बाबा हिंदू, सतीश सिंह, विरु मिश्रा, विनोद पांडेय, कैप्टन सतीश चौबे, अजय तिवारी, विनोद दुबे, राजकुमार मिश्रा, प्रवीण भारत, लक्ष्मी नारायण मिश्रा, अंकित सिंह (करणी सेना), शिवम् तिवारी सहित अन्य आंदोलनकारी मौजूद रहे।




