84 वर्ष की आयु में स्वर्वेद महामंदिर उमरहां में ली अंतिम सांस, मंगलवार को मणिकर्णिका घाट पर होगा अंतिम संस्कार
रिपोर्ट : विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
SHREE 7NEWS, चौबेपुर (वाराणसी)। विहंगम योग परिवार के लिए सोमवार का दिन अत्यंत दुःखद रहा। विहंगम योग के सद्गुरु आचार्य स्वतंत्रदेव जी महाराज के बड़े भाई तथा योगी राज बाबा के नाम से प्रसिद्ध योगेंद्र जी महाराज का सोमवार सुबह लगभग नौ बजे स्वर्वेद महामंदिर, उमरहां में 84 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही विहंगम योग के अनुयायियों और श्रद्धालुओं में शोक की लहर दौड़ गई।
योगेंद्र जी महाराज सामाजिक एवं आध्यात्मिक क्षेत्र के साथ-साथ शिक्षा जगत से भी जुड़े रहे। वह बलिया जनपद स्थित जगली बाबा इंटर कॉलेज, गड़वार के संस्थापक सदस्यों में प्रमुख स्थान रखते थे। उनके सादगीपूर्ण जीवन और आध्यात्मिक व्यक्तित्व का व्यापक प्रभाव रहा।
योगेंद्र जी महाराज के निधन की सूचना मिलते ही विहंगम योग के संत प्रवर विज्ञान देव जी महाराज, जो बिहार में अपने बड़े पिता के अंतिम संस्कार संबंधी कार्यक्रम में शामिल थे, उसे बीच में छोड़कर देर रात स्वर्वेद महामंदिर, उमरहां पहुंच गए। उनके आगमन के साथ ही श्रद्धांजलि अर्पित करने वालों का तांता लग गया।
योगेंद्र जी महाराज के निधन का समाचार मिलते ही विहंगम योग के हजारों अनुयायी एवं श्रद्धालु देर रात तक स्वर्वेद महामंदिर पहुंचते रहे। उनका अंतिम संस्कार मंगलवार को काशी के पवित्र मणिकर्णिका घाट पर पूरे वैदिक रीति-रिवाजों के साथ किया जाएगा। विहंगम योग परिवार सहित विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।




