श्रावण के तीसरे सोमवार को हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठी काशी, गुलाब की पंखुड़ियों से हुआ भक्तों का स्वागत
रिपोर्ट: विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
वाराणसी। श्रावण मास के तीसरे सोमवार को धर्मनगरी काशी में शिवभक्ति का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। बाबा विश्वनाथ के दर्शन-पूजन के लिए उमड़े शिवभक्तों और कांवड़ियों पर जिला प्रशासन की ओर से हेलिकॉप्टर से गुलाब की पंखुड़ियों की पुष्पवर्षा की गई। आसमान से बरसती फूलों की पंखुड़ियों और नीचे गूंजते ‘हर-हर महादेव’ व ‘बोल बम’ के जयघोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा।
श्रावण के तीसरे सोमवार को काशी विश्वनाथ मंदिर, काल भैरव मंदिर सहित प्रमुख शिवालयों में बाबा के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु और कांवड़िये पहुंचे। सुबह से ही मंदिरों के आसपास भक्तों की लंबी कतारें लगी रहीं। कांवड़िये गंगाजल लेकर बाबा के जलाभिषेक के लिए मंदिरों की ओर बढ़ते नजर आए।
श्रद्धालुओं के स्वागत और उत्साहवर्धन के लिए हेलिकॉप्टर से पुष्पवर्षा की गई। जैसे ही हेलिकॉप्टर ने श्रद्धालुओं के ऊपर से उड़ान भरते हुए गुलाब की पंखुड़ियां बरसानी शुरू कीं, भक्तों में उत्साह की लहर दौड़ गई। श्रद्धालुओं ने हाथ उठाकर ‘हर-हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयघोष के साथ इस दृश्य का स्वागत किया।
इस दौरान पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल एवं जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने हेलिकॉप्टर से शिवभक्तों पर पुष्पवर्षा की। फूलों की पंखुड़ियों के बीच श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था।
श्रावण मास में बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए देश के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालु काशी पहुंचते हैं। सोमवार को कांवड़ियों और शिवभक्तों की संख्या और बढ़ जाती है। इसे देखते हुए प्रशासन की ओर से सुरक्षा, यातायात, दर्शन व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम किए गए।
तीसरे सोमवार को काशी के प्रमुख शिवालयों के आसपास भगवा वस्त्र पहने कांवड़िये, हाथों में कांवड़ और जुबां पर ‘बोल बम’ के उद्घोष का नजारा देखने को मिला। हेलिकॉप्टर से हुई पुष्पवर्षा ने धार्मिक वातावरण को और भव्य बना दिया। श्रद्धालुओं ने इसे बाबा विश्वनाथ की नगरी में प्रशासन की ओर से किया गया विशेष स्वागत बताया।
श्रावण के तीसरे सोमवार की पुष्पवर्षा ने काशी में आस्था, भक्ति और उत्सव के माहौल को और यादगार बना दिया।




