दो घंटे की मशक्कत के बाद मिली पहली यूनिट, दूसरी के लिए साजन गिरी ने किया रक्तदान; समय पर दोनों यूनिट मिलने से हुआ गंभीर ऑपरेशन
रिपोर्ट विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
बड़ागांव (वाराणसी)। नकटी गांव निवासी आशीष त्रिपाठी की पत्नी के गंभीर ऑपरेशन के लिए दो यूनिट O नेगेटिव रक्त की तत्काल आवश्यकता थी। दुर्लभ रक्त समूह होने के कारण परिजनों को रक्त जुटाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। आशीष त्रिपाठी ने वाराणसी के कई ब्लड बैंकों में संपर्क किया, लेकिन कहीं O नेगेटिव रक्त उपलब्ध नहीं था, जबकि एक स्थान पर उपलब्ध रक्त पहले से ही डायलिसिस मरीज के लिए बुक था।
रक्त की व्यवस्था न होने पर उन्होंने अभ्युदय सेवा समिति से संपर्क किया। समिति के सदस्यों ने तत्काल प्रयास शुरू करते हुए करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद एक यूनिट O नेगेटिव रक्त की व्यवस्था कराई। दूसरी यूनिट की आवश्यकता पूरी करने के लिए बड़ागांव निवासी साजन गिरी आगे आए और वाराणसी स्थित एक निजी ब्लड बैंक पहुंचकर O नेगेटिव रक्तदान किया।
दोनों यूनिट रक्त उपलब्ध होने के बाद चिकित्सकों ने महिला का आवश्यक ऑपरेशन किया। समय पर दुर्लभ रक्त की व्यवस्था होने से परिजनों को बड़ी राहत मिली।
अभ्युदय सेवा समिति जरूरतमंद मरीजों की सहायता के लिए लगातार रक्तदान और रक्त उपलब्ध कराने के कार्य में सहयोग करती है। समिति की ओर से विभिन्न ब्लड बैंकों के माध्यम से हर वर्ष सैकड़ों यूनिट रक्त जरूरतमंद मरीजों के लिए उपलब्ध कराने में मदद की जाती है।




