उद्भव फाउंडेशन की ओर से श्री राधा-कृष्ण स्वरूप सज्जा प्रतियोगिता संपन्न
वाराणसी। शिव काली का दरबार रविवार को भगवान श्रीजी और बाल स्वरूपों में सजे राधा-कृष्ण से गूंजायमान हो उठा। उद्भव फाउंडेशन वाराणसी के तत्वावधान में श्री राधा-कृष्ण स्वरूप सज्जा प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में 360 बच्चों ने भाग लेकर अपनी मनमोहक प्रस्तुतियों से दर्शकों का दिल जीत लिया।
प्रतियोगिता को छह वर्गों—लल्ला (3 वर्ष तक), कान्हा (6 वर्ष तक), रम्या (8 वर्ष तक), कृष्णा (12 वर्ष तक), किशोरी (16 वर्ष तक) और समूह वर्ग (18 वर्ष तक)—में विभाजित किया गया। मंच पर छोटे-छोटे बच्चे राधा और कृष्ण का रूप धर थिरकने लगे तो पूरा परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि समाजसेवी एवं बनारस स्वर्ण कला केंद्र के प्रबंधक प्रिंस जायसवाल, डॉ. सुधीर सिंह, डॉ. लक्षिता वार्ष्णेय, रिद्धि आर्य, अशोक वार्ष्णेय, पूजा जायसवाल और संस्था की अध्यक्ष अनुभा वार्ष्णेय ने भगवान श्रीकृष्ण के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया। संस्था की महामंत्री पल्लवी वार्ष्णेय ने अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। संयोजक पायल सरल ने गणेश वंदना प्रस्तुत कर प्रतियोगिता का प्रारंभ किया।
विभिन्न वर्गों में बच्चों की प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र बनीं। लल्ला वर्ग के नन्हे प्रतिभागियों ने माखन चोरी की झांकी प्रस्तुत की, कान्हा वर्ग ने कालिया वध, कृष्णा वर्ग ने गोवर्धन पर्वत धारण और रम्या व किशोरी वर्ग की राधा स्वरूपों ने मनमोहक नृत्य प्रस्तुत कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
लगभग आठ घंटे चले कार्यक्रम का सफल संचालन नवोदिता भट्टाचार्य, पुष्पकला झा, वर्षा द्विवेदी एवं कुमकुम पटेल ने किया। संयोजन टीम में आरती टंडन, रेखा वर्मा, कल्पना गुप्ता, राकेश वर्मा, श्याम कुमार झा, संजय श्रीवास्तव, राजीव टंडन और सनी केसरी शामिल रहे। निर्णायक मंडल में अंजना श्रीवास्तव, दिनेश श्रीवास्तव, गोविंद वर्मा और भीमसेन सरल रहे।
प्रतियोगिता में विभिन्न वर्गों में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान क्रमशः—वेदांत टंडन, शिवादित्य त्रिपाठी, रुद्रांशी सिंह, अत्रजा भंडारी, लक्ष्य सेन, अविराज श्रीवास्तव, विराज वर्मा, अंश गुप्ता, सान्वी सिंह, धनश्री वर्मा, आशीष श्रीवास्तव, शैलजा मिश्रा, निष्ठा मिश्रा, तृष्णा भट्टाचार्य और इशिता केसरी को प्राप्त हुआ।
संस्था की महामंत्री पल्लवी वार्ष्णेय ने प्रतियोगिता की जानकारी देते हुए सभी प्रतिभागियों और सहयोगियों का आभार जताया।




