तत्कालीन रामपुर थानाध्यक्ष दिव्य प्रकाश सिंह की वैज्ञानिक एवं समयबद्ध विवेचना बनी सशक्त आधार, न्यायालय ने सुनाई कठोर सजा
रिपोर्ट : अभिषेक उपाध्याय
SHREE 7NEWS, जौनपुर। जनपद जौनपुर के रामपुर थाना क्षेत्र के बहुचर्चित दुष्कर्म एवं पॉक्सो एक्ट से जुड़े मामले में माननीय न्यायालय ने दोषी अभियुक्त को 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाते हुए पीड़िता को न्याय दिलाया है। न्यायालय के इस निर्णय के बाद तत्कालीन विवेचक एवं उस समय रामपुर थानाध्यक्ष रहे दिव्य प्रकाश सिंह की निष्पक्ष, वैज्ञानिक एवं समयबद्ध विवेचना की व्यापक सराहना हो रही है। वर्तमान में वह सुरेरी थाने के प्रभारी निरीक्षक के रूप में कार्यरत हैं।
माननीय अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो द्वितीय श्री सुरेन्द्र प्रताप यादव की अदालत ने विशेष सत्र परीक्षण संख्या 102/2023 (मु.अ.सं. 58/2023), थाना रामपुर, जिला जौनपुर, राज्य बनाम रविन्द्र पाल प्रकरण में सुनवाई पूरी होने के बाद फैसला सुनाया।
न्यायालय ने अभियुक्त रविन्द्र पाल को भारतीय दंड संहिता की धारा 376 एवं 506 तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 5/6 के तहत दोषी ठहराते हुए धारा 506 में दो वर्ष के कारावास एवं ₹2,000 के अर्थदंड तथा धारा 5/6 पॉक्सो एक्ट के तहत 20 वर्ष के कठोर कारावास एवं ₹25,000 के अर्थदंड से दंडित किया। वहीं, धारा 504 आईपीसी के आरोप से अभियुक्त को दोषमुक्त कर दिया गया।
अदालत ने सहअभियुक्त वीरेन्द्र उर्फ अरविंद पाल, पन्ना लाल पाल एवं उर्मिला देवी को धारा 504 एवं 506 आईपीसी के आरोपों से पर्याप्त साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया।
मामले की विवेचना के दौरान तत्कालीन रामपुर थानाध्यक्ष दिव्य प्रकाश सिंह ने साक्ष्यों का विधिसम्मत एवं वैज्ञानिक तरीके से संकलन कर निर्धारित समय सीमा में विवेचना पूरी की। उनकी प्रभावी जांच के आधार पर अभियोजन पक्ष न्यायालय में आरोप सिद्ध करने में सफल रहा, जिसके परिणामस्वरूप पीड़िता को न्याय मिला और दोषी को कठोर सजा सुनाई गई।
मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक वेद प्रकाश तिवारी एवं रमेश चंद्र पाल ने प्रभावी पैरवी की। न्यायालय के इस फैसले को महिला एवं बाल अपराधों के विरुद्ध कड़ा संदेश माना जा रहा है। वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि दिव्य प्रकाश सिंह की कार्यशैली के चलते अपराधियों में कानून का भय बढ़ा है और क्षेत्र में अपराध नियंत्रण की दिशा में प्रभावी कार्रवाई देखने को मिल रही है।






