कंदवा में 15 करोड़ की सरकारी जमीन से हटाया अवैध कब्जा, टिनशेड और कच्ची दीवार ध्वस्त
वाराणसी। चकबंदी न्यायालय के फैसले के बाद नगर निगम ने गुरुवार को कंदवा क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 15 करोड़ रुपये मूल्य की सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त करा लिया। हाइवे से सटी आठ बिस्वा भूमि पर किए गए अवैध कब्जे को हटाने के लिए निगम की टीम ने अभियान चलाकर टिनशेड, कच्ची दीवार और भूसा रखकर किए गए कब्जे को ध्वस्त कर दिया।
कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में हड़कंप की स्थिति बनी रही। नगर निगम की टीम भारी संख्या में मौके पर पहुंची और पूरी जमीन को कब्जामुक्त कर अपने अधिकार में ले लिया।
जानकारी के अनुसार कंदवा क्षेत्र की यह बेशकीमती जमीन लंबे समय से विवादित थी। मामले की सुनवाई चकबंदी अधिकारी, बंदोबस्त अधिकारी और उपसंचालक चकबंदी न्यायालय में चल रही थी। हाल ही में न्यायालय ने सभी पक्षों की सुनवाई के बाद उक्त भूमि को बंजर एवं सरकारी संपत्ति घोषित कर दिया।
न्यायालय के आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया कि भूमि शहरी सीमा क्षेत्र के अंतर्गत आती है, इसलिए इसका पूर्ण स्वामित्व नगर निगम को प्राप्त होगा। आदेश मिलते ही निगम प्रशासन ने कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार कुछ लोगों द्वारा सरकारी जमीन पर कच्ची दीवार खड़ी कर अस्थायी टिनशेड डाल दिया गया था। कब्जे वाली जमीन का उपयोग अवैध रूप से भूसा रखने और अन्य गतिविधियों के लिए किया जा रहा था। इसके अलावा आसपास के हिस्से पर भी अतिक्रमण कर कब्जा बढ़ाने का प्रयास किया गया था।
नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल के निर्देश पर अपर नगर आयुक्त संगम लाल और सहायक नगर आयुक्त अनिल यादव के नेतृत्व में प्रवर्तन दल व अतिक्रमण दस्ता मौके पर पहुंचा। टीम ने जेसीबी की मदद से अवैध निर्माण को हटाकर पूरी जमीन को खाली कराया।
नगर आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि शहर में सरकारी संपत्तियों पर अवैध कब्जा किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। निगम प्रशासन लगातार ऐसी जमीनों की पहचान कर रहा है और आगे भी अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई जारी रखी जाएगी।




