जीवन ज्योति दिव्यांगतार्थ संस्थान में त्रिदिवसीय वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता संपन्न
सारनाथ (वाराणसी)। जीवन ज्योति दिव्यांगतार्थ संस्थान, सारनाथ में त्रिदिवसीय वार्षिक खेलकूद प्रतियोगिता का शुभारंभ मुख्य अतिथि जिला विद्यालय निरीक्षक भालेंद्र प्रताप सिंह द्वारा शांति के प्रतीक कबूतर उड़ाकर तथा मशाल जलाकर किया गया। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में बज्र विद्या संस्थान सारनाथ के डॉ. सोनम योंडन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में एल.के.जी से कक्षा 3 तक के नेत्रवान, दृष्टि दिव्यांग, अस्थि दिव्यांग तथा बहुदिव्यांग छात्र-छात्राओं ने समावेशित खेलों में उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। खिलाड़ियों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए जिला विद्यालय निरीक्षक भालेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि संस्थान द्वारा दिव्यांग बच्चों के शिक्षा व विकास हेतु किया जा रहा कार्य अत्यंत प्रशंसनीय है।
प्रतियोगिता के दूसरे एवं तीसरे दिवस में कक्षा 4 से 12 तक के विद्यार्थियों ने विभिन्न खेलों में भाग लेकर यह संदेश दिया कि संकल्प और प्रयास के सामने कोई बाधा बड़ी नहीं होती।
प्रतियोगिता का समापन महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के शारीरिक शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. संतोष कुमार गुप्ता के कर कमलों से हुआ। इस अवसर पर डॉ. अनुज कुमार दुबे और डॉ. जयप्रकाश मिश्रा विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में संस्थान की संस्थापिका सिस्टर आयरीन, निदेशिका सिस्टर स्वेता, प्राचार्या सिस्टर मोनिका सहित सभी सिस्टर एवं स्टाफ मौजूद रहे। प्रतियोगिता के साथ छात्रों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए गए।
खेलों में वन लेग रेस, थ्री लेग रेस, 100 मीटर दौड़, स्किपिंग रेस, कबड्डी, खो-खो, डिस्कस थ्रो, बोरा दौड़, बैलेंसिंग बॉल और वॉकिंग ऑन रिंग सहित कई प्रतियोगिताएँ आयोजित की गईं।
समापन अवसर पर अतिथियों ने कहा कि पढ़ाई के साथ-साथ खेल जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इससे शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास होता है तथा कई बीमारियाँ स्वतः दूर हो जाती हैं।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावक, स्टाफ एवं पत्रकार उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।




