समाज के प्रति समर्पण ही अम्बेडकर को सच्ची श्रद्धांजलि : जय सिंह
रिपोर्ट विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
चौबेपुर (वाराणसी) संत गाडगे धर्मशाला, चौबेपुर में सोमवार की शाम आयोजित संगोष्ठी में सूचना प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार के प्रादेशिक लोक संपर्क अधिकारी जय सिंह ने कहा कि समाज के प्रति आत्मसमर्पण और सेवा भाव से कार्य करना ही बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
धोबी कल्याण समिति द्वारा आयोजित भीमराव अम्बेडकर परिनिर्माण पखवाड़ा पर आधारित इस कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि बाबा साहेब ने सदैव कमजोर और वंचित वर्गों के विकास के लिए संघर्ष किया। उनके बताए मार्ग पर चलकर ही समाज का समग्र विकास संभव है। उन्होंने कहा कि शिक्षा वह पूंजी है जिसके बल पर समाज का हर व्यक्ति आगे बढ़ सकता है और दुनिया के किसी भी महत्वपूर्ण व्यक्ति के साथ बैठने का अधिकार पा सकता है।
जय सिंह ने लोगों से आग्रह किया कि वे अपने बच्चों को शिक्षित करें, समाज के कमजोर वर्गों की मदद करें और मिल-जुलकर समस्याओं का समाधान निकालें। उन्होंने कहा कि अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति का उत्थान ही वास्तविक विकास है और इसी दिशा में सरकारें लगातार कार्य कर रही हैं।
कार्यक्रम में संत गाडगे धर्मशाला प्रबंध समिति की ओर से जय सिंह को भगवान बुद्ध की प्रतिमा और अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया। इस दौरान एसआईआर से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा की गई।
संगोष्ठी की अध्यक्षता संत लाल कन्नौजिया ने की तथा संचालन दयाराम कन्नौजिया ने किया।
कार्यक्रम में राजकुमार कन्नौजिया, संतोष कन्नौजिया, पंकज कन्नौजिया, उमाशंकर कन्नौजिया, अनिल कुमार, प्रवीण कुमार, मिनेश कन्नौजिया, अनिल कनौजिया, विजय कन्नौजिया, अनिरुद्ध कन्नौजिया सहित कई सम्मानित लोग मौजूद रहे।




