अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस पर बारियासनपुर में आयोजन, दिव्यांगजनों की भागीदारी को बताया विकास की कुंजी
बारियासनपुर (वाराणसी)। अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस के अवसर पर शनिवार को बारियासनपुर स्थित लोक चेतना समिति के प्रांगण में जन विकास समिति के सहयोग से एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। संगोष्ठी का विषय “समावेशी समाज से ही सच्ची सामाजिक प्रगति” रहा, जिसमें दिव्यांगजनों की पूर्ण भागीदारी पर जोर दिया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए संस्था की जिला संयोजिका पूनम ने कहा कि सामाजिक प्रगति को आगे बढ़ाने के लिए दिव्यांग-समावेशी समाज का निर्माण आवश्यक है। न्यायपूर्ण और टिकाऊ समाज तभी संभव है, जब दिव्यांगजन विकास की मुख्यधारा में सक्रिय भूमिका निभाएं।
संस्था के सचिव जयंत ने अपने विचार रखते हुए कहा कि समावेशी और टिकाऊ समाज के निर्माण के लिए विकलांग व्यक्तियों के नेतृत्व और भागीदारी को बढ़ावा देना बेहद जरूरी है। इससे भविष्य में एक सशक्त और समान समाज की नींव रखी जा सकती है।
निक्की अम्मुख फाउंडेशन से शिवनरेश ने कहा कि समावेशी वित्तपोषण दिव्यांग व्यक्तियों, उनके परिवारों और पूरे समाज के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दिव्यांगजनों के बिना कोई भी समाज वास्तविक विकास हासिल नहीं कर सकता।
प्रथम संस्था से जुड़े रामप्रवेश ने कहा कि यदि दिव्यांग बच्चों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है तो परिवार और समाज दोनों को उनके प्रति अपनी सोच बदलनी होगी।
संगोष्ठी में दर्जनों ग्राम पंचायतों से आए सैकड़ों लोगों ने सहभागिता की। कार्यक्रम में लोक चेतना समिति से संतोष, साधना, बंदना, चारु और पूनम दीदी सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।




