नमामि गंगे की पहल: श्रद्धालुओं को वितरित किए गए कपड़े के झोले, सिंगल यूज पॉलिथीन से दूरी बनाने का किया आह्वान
रिपोर्ट विवेक राय
वाराणसी। श्रीकाशी विश्वनाथ धाम में बुधवार को ‘स्वच्छ भारत–स्वस्थ भारत’ अभियान के तहत नमामि गंगे द्वारा विशेष जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान धाम में दर्शन के लिए आने वाले हजारों श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों को कपड़े से बने पर्यावरण-अनुकूल झोले वितरित किए गए तथा सिंगल यूज पॉलिथीन का उपयोग न करने का संदेश दिया गया।
नमामि गंगे के स्वयंसेवी सदस्यों ने श्रद्धालुओं के बीच स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता अभियान चलाया। उन्होंने लोगों से अपील की कि प्रसाद एवं अन्य सामग्री ले जाने के लिए प्लास्टिक के बजाय कपड़े के झोलों का उपयोग करें, जिससे पर्यावरण को सुरक्षित रखा जा सके और स्वच्छ भारत अभियान को मजबूती मिले।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नमामि गंगे काशी क्षेत्र के संयोजक एवं नगर निगम के स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर राजेश शुक्ला ने कहा कि बाबा विश्वनाथ का धाम स्वच्छता, पवित्रता और प्रकृति संरक्षण का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि गंगा एवं उसकी सहायक नदियों को स्वच्छ बनाए रखने के लिए जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है। यदि प्रत्येक व्यक्ति सिंगल यूज पॉलिथीन का उपयोग बंद कर दे, तो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा बदलाव संभव है।
श्रद्धालुओं ने इस पहल की सराहना करते हुए कपड़े के झोलों के वितरण को एक सराहनीय प्रयास बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे अभियान लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ स्वच्छता के प्रति जिम्मेदारी का भी एहसास कराते हैं।
इस अवसर पर चंद्रजीत विजय, अभिजीत, बडेलाल, नंदिनी सहित नमामि गंगे के अनेक स्वयंसेवक एवं सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य स्वच्छता को बढ़ावा देने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण के प्रति जनजागरूकता बढ़ाना रहा।




