संगठन से सरकार तक का सफर, लगातार तीसरी बार जिलाध्यक्ष रहने का मिला इनाम
वाराणसी। भारतीय जनता पार्टी में संगठन के प्रति समर्पित और सक्रिय कार्यकर्ताओं को समय-समय पर बड़ी जिम्मेदारियां देने की परंपरा रही है। इसी क्रम में वाराणसी भाजपा जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा को योगी सरकार में मंत्री पद की जिम्मेदारी मिलने से कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल है।
भाजपा संगठन में लंबे समय से सक्रिय हंसराज विश्वकर्मा वर्तमान में लगातार तीसरी बार वाराणसी के जिलाध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। पार्टी नेतृत्व ने पहले उन्हें विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) बनाया और अब योगी सरकार में मंत्री पद देकर उनके संगठनात्मक कार्यों पर भरोसा जताया है। बताया जा रहा है कि उन्हें इस संबंध में रविवार को लखनऊ बुलाया गया था।
हंसराज विश्वकर्मा का जन्म वर्ष 1969 में वाराणसी के कंचनपुर क्षेत्र में हुआ। परास्नातक शिक्षा प्राप्त करने के बाद उन्होंने वर्ष 1989 में भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। पार्टी में उनकी शुरुआत बूथ स्तर के कार्यकर्ता के रूप में हुई और धीरे-धीरे संगठन में उनकी सक्रियता बढ़ती चली गई।
वर्ष 2006 में उन्हें भाजपा की जिला कार्यकारिणी में स्थान मिला। वहीं 2014 के लोकसभा चुनाव में जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी वाराणसी से सांसद चुने गए, उस दौरान हंसराज विश्वकर्मा ने संगठन को मजबूत करने और चुनाव प्रचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
जनवरी 2016 में पार्टी ने उन्हें वाराणसी का जिलाध्यक्ष नियुक्त किया। तब से लेकर अब तक वह लगातार इस पद पर बने हुए हैं। हाल ही में भाजपा द्वारा प्रदेशभर में नए जिलाध्यक्षों की घोषणा की गई, लेकिन वाराणसी में पार्टी ने एक बार फिर हंसराज विश्वकर्मा पर भरोसा जताते हुए उन्हें पद पर बरकरार रखा।
इसके अलावा 3 अप्रैल 2023 को उन्हें विधान परिषद सदस्य बनाया गया था। राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा भी थी कि उन्हें भाजपा काशी क्षेत्र की बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है, लेकिन पार्टी नेतृत्व ने उन्हें सरकार में मंत्री पद देकर नई भूमिका सौंप दी।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि हंसराज विश्वकर्मा का यह सफर संगठन में लंबे समय तक किए गए समर्पित कार्य और पार्टी नेतृत्व के विश्वास का परिणाम है।




