छितमपुर और धौरहरा हरिहरपुर में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़, 30 जून को विशाल भंडारे एवं एक जुलाई को विशेष आयोजन की तैयारी
रिपोर्ट : विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
चौबेपुर (वाराणसी)। क्षेत्र के छितमपुर गांव स्थित नैपाली भगवती धाम में आयोजित शतचंडी महायज्ञ के चौथे दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। वृंदावन से पधारे योगी शम्भू नाथ जी महाराज ने अपने प्रेरक प्रवचन में कहा कि धार्मिक कथाएं और यज्ञ मानव जीवन के आध्यात्मिक, सामाजिक और नैतिक उत्थान का सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि कथा श्रवण और यज्ञ के माध्यम से मनुष्य का कल्याण संभव है तथा समाज में व्याप्त नकारात्मक प्रवृत्तियों का नाश किया जा सकता है।
योगी शम्भू नाथ जी महाराज ने कहा कि वर्तमान समय में समाज में वैचारिक भ्रम, परिवारों में बढ़ते कलह और विश्व में अशांति जैसी परिस्थितियां चिंताजनक हैं। ऐसे समय में शतचंडी महायज्ञ समाज के लिए सामूहिक आध्यात्मिक उपचार का कार्य करता है। उन्होंने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे अपने घर, गांव और राष्ट्र से आसुरी प्रवृत्तियों के अंत का संकल्प लें तथा धर्म, सेवा और सद्कर्म के मार्ग पर चलें। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सच्ची श्रद्धा और सत्कर्म से मां भगवती की कृपा अवश्य प्राप्त होती है।
महायज्ञ स्थल पर प्रतिदिन श्रद्धालु यज्ञशाला की परिक्रमा, पूजन एवं प्रवचन का लाभ लेने के लिए बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं। आयोजन समिति के अनुसार 29 जून को पूर्णाहुति हवन तथा 30 जून को विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा।
उधर, क्षेत्र के धौरहरा हरिहरपुर गांव में भी शतचंडी महायज्ञ का आयोजन श्रद्धा और भक्ति के साथ जारी है। यहां अयोध्या से पधारे योगी रामानंद जी महाराज प्रतिदिन श्रद्धालुओं को शतचंडी महायज्ञ की महत्ता एवं आध्यात्मिक लाभों की विस्तृत जानकारी दे रहे हैं। महायज्ञ में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं।
आयोजन समिति के अनुसार यहां 30 जून को हवन एवं विशाल भंडारे तथा 1 जुलाई को लगभग एक लाख श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद वितरण का कार्यक्रम प्रस्तावित है। साथ ही श्रद्धालुओं के बीच एक लाख रुद्राक्ष नि:शुल्क वितरित किए जाएंगे।




