उमरहा निवासी ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को सौंपा प्रार्थना-पत्र; दबाव, धमकी और कुटिया को नुकसान पहुंचाने समेत कई आरोप लगाए
रिपोर्ट विवेक राय
वाराणसी। चौबेपुर थाना क्षेत्र के उमरहा गांव में बाबा बुझारत की कुटिया से जुड़े विवाद को लेकर एक शिकायतकर्ता ने वाराणसी पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को प्रार्थना-पत्र देकर मामले की निष्पक्ष जांच और आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता ने प्रार्थना-पत्र में विवाद से जुड़े कई गंभीर आरोपों का उल्लेख करते हुए पूरे प्रकरण की जांच कराने का अनुरोध किया है।
शिकायतकर्ता के अनुसार, बुझारत की कुटिया को उजाड़ने, गाय को मारने तथा हरे पेड़ काटने जैसी घटनाओं को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ। शिकायतकर्ता का आरोप है कि इन घटनाओं का विरोध करने के बाद उसे ग्राम प्रधान और उनके कुछ सहयोगियों की ओर से कथित दबाव एवं धमकियों का सामना करना पड़ा।
प्रार्थना-पत्र में शिकायतकर्ता ने दावा किया है कि उसने मामले को लेकर 1076 और 112 सहित संबंधित माध्यमों के जरिए शिकायत करने का प्रयास किया, लेकिन उसके अनुसार अपेक्षित कार्रवाई नहीं हो सकी। इसके बाद उसने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से मामले को गंभीरता से लेते हुए हस्तक्षेप की मांग की।
शिकायतकर्ता ने अधिकारियों से मौके का निरीक्षण कराने, संबंधित पक्षों के बयान दर्ज करने और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने का अनुरोध किया है। साथ ही मांग की गई है कि जांच के दौरान यदि लगाए गए आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाए।
शिकायतकर्ता के अनुसार, प्रार्थना-पत्र की प्रतियां प्रधानमंत्री, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री, पुलिस महानिदेशक, जिलाधिकारी वाराणसी, पुलिस आयुक्त वाराणसी, एडीजी जोन वाराणसी और डीसीपी वाराणसी सहित अन्य संबंधित अधिकारियों को भी भेजी गई हैं।
हालांकि, प्रार्थना-पत्र में लगाए गए आरोप शिकायतकर्ता के दावे हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अथवा पुलिस की अंतिम जांच रिपोर्ट फिलहाल सामने नहीं आई है।




