चिरईगांव में 58 किसानों को चना, मटर और सरसों के निशुल्क मिनी किट वितरित; आधुनिक खेती और संतुलित उर्वरक प्रयोग पर दिया जोर
रिपोर्ट : विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
वाराणसी। चिरईगांव विकास खंड सभागार में मंगलवार को किसानों को चना, मटर एवं सरसों के निशुल्क मिनी किट वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि प्रदेश सरकार के श्रम एवं सेवायोजन समन्वय मंत्री अनिल राजभर रहे। इस दौरान किसान श्याम सुंदर मिश्रा, रमाकांत पटेल, राम उग्रह प्रसाद, विंध्यवासिनी पटेल, राम प्रसाद, नागेंद्र सिंह और सुरेंद्र पांडेय समेत कुल 58 कृषकों को निशुल्क बीज मिनी किट वितरित किए गए। कार्यक्रम में जिला उपाध्यक्ष संजय सिंह, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रिया सैनी, उप कृषि निदेशक अमित जायसवाल, जिला कृषि अधिकारी संगम सिंह सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
मंत्री अनिल राजभर ने विश्व बैंक से पोषित कृषि क्षेत्र से संबंधित परियोजना की जानकारी देते हुए कहा कि इसका उद्देश्य खेती को आधुनिक, उत्पादक और प्रतिस्पर्धी बनाना तथा किसानों की आय बढ़ाने के साथ कृषि क्षेत्र में निवेश के अवसरों को प्रोत्साहित करना है। उन्होंने बताया कि परियोजना के अंतर्गत वाराणसी, पूर्वांचल और बुंदेलखंड के 500 किसानों को कृषि क्षेत्र में अग्रणी देशों के भ्रमण पर ले जाकर वहां अपनाई जा रही उन्नत कृषि तकनीकों एवं आधुनिक कृषि पद्धतियों का अध्ययन कराया जाएगा। भ्रमण के साथ किसानों को आवश्यक प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, ताकि वे अंतरराष्ट्रीय स्तर की तकनीकों को समझकर स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप उनका उपयोग कर सकें।
उप कृषि निदेशक अमित जायसवाल ने किसानों को मिनी किट में उपलब्ध उन्नत बीजों के उपयोग, समय से बुवाई, संतुलित उर्वरक प्रयोग, फसल प्रबंधन और आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से तिलहनी फसलों में एनपीएस उर्वरक के संतुलित प्रयोग पर जोर दिया। जिला कृषि अधिकारी संगम सिंह ने बताया कि ई-लॉटरी के माध्यम से चना, मटर एवं सरसों के निशुल्क मिनी किट के लिए चयनित किसान अपने संबंधित राजकीय बीज गोदाम से संपर्क कर पॉस मशीन पर अंगूठा लगाकर बीज प्राप्त करें और खेत की तैयारी करते हुए निर्धारित समय पर बुवाई सुनिश्चित करें। अधिकारियों ने किसानों से उन्नत बीज एवं आधुनिक कृषि तकनीकों का उपयोग कर उत्पादन और आय बढ़ाने की दिशा में आगे बढ़ने की अपील की।




