फर्जी टीटीई बनकर टिकट बनाने वाला युवक गिरफ्तार, प्रेम विवाह के लिए रचा था पूरा खेल
वाराणसी । कैंट रेलवे स्टेशन पर जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त कार्रवाई में शुक्रवार को एक फर्जी टीटीई को पकड़ा गया। आरोपी खुद को टीटीई बताकर यात्रियों से ठगी करता था। उसके पास से पूर्व मध्य रेलवे का फर्जी आईडी कार्ड और टीटीई का एप्रन बरामद हुआ।
पकड़े गए युवक की पहचान मध्य प्रदेश के रीवा जिले के अतरैला निवासी आदर्श जायसवाल के रूप में हुई है। पूछताछ में उसने चौंकाने वाला खुलासा किया। आदर्श ने बताया कि बीटेक करने के बाद भी बेरोजगारी से जूझ रहा था। वह अपनी प्रेमिका से शादी करना चाहता था, लेकिन परिजन इसके लिए तैयार नहीं थे। इसी कारण उसने फर्जी टीटीई बनकर ठगी का रास्ता अपना लिया।
जीआरपी इंस्पेक्टर रजोल नागर और आरपीएफ इंस्पेक्टर संदीप कुमार यादव ने बताया कि आरोपी ने 17 जून को दो महिला यात्रियों, ज्योति किरण और गुनगुन के लिए जनता एक्सप्रेस में बी-3 कोच का टिकट मोबाइल एप के जरिए बनवाया था। जब महिलाएं स्टेशन पहुंचीं तो गाड़ी में एम-2 कोच लगा था। यात्रियों ने शिकायत रेलवे के कमर्शियल स्टाफ से की और परिजनों को जानकारी दी।
एक अन्य मामले में आदर्श ने कैंट रेलवे स्टेशन स्थित मुख्य आरक्षण केंद्र से मुंबई जाने वाले यात्री दिनेश यादव का ई-टिकट बनवाया था। टिकट स्टेटस में गड़बड़ी देख यात्री को शक हुआ और विवाद की स्थिति बन गई।
आरोपी ने कबूल किया कि गांव में ही उसने दो मार्च को साइबर कैफे से फर्जी आईडी बनवाया था। शादी के लिए परिजनों को प्रभावित करने के उद्देश्य से वह खुद को टीटीई बताकर ठगी करता था। जीआरपी ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।




