भारत प्रतिभा सम्मान समारोह में शामिल हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर
नई दिल्ली। भारत प्रतिभा सम्मान परिषद द्वारा आयोजित भारत प्रतिभा सम्मान समारोह-2025 का भव्य आयोजन रविवार को ऐतिहासिक प्रधानमंत्री संग्रहालय एवं पुस्तकालय में हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर रहे। उनके साथ पद्मश्री से सम्मानित कथक नृत्यांगना शोवना नारायण तथा वरिष्ठ चिकित्सक प्रो. (डॉ.) कमल कुमार सेठी विशिष्ट अतिथि के रूप में मंच पर मौजूद रहे।
समारोह का संचालन परिषद के चेयरमैन नीरज भारतीय और निदेशक मणि अय्यर के नेतृत्व में हुआ।
समारोह में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 25 व्यक्तियों और संस्थानों को सम्मानित किया गया। इनमें उद्यमिता, शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रौद्योगिकी, साहित्य, कला और सामाजिक सेवा जैसे क्षेत्र शामिल रहे।
वाराणसी के डॉ. नितिन श्रीवास्तव को आईटी और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में योगदान के लिए विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
मुख्य अतिथि अनुराग ठाकुर ने अपने संबोधन में कहा कि भारत प्रतिभा सम्मान परिषद का यह प्रयास सराहनीय है। उन्होंने कहा, “ये पुरस्कार केवल सम्मान नहीं हैं, बल्कि ये उन नायकों को प्रेरित करते हैं जो हमारे राष्ट्र का भविष्य गढ़ रहे हैं।”
पद्मश्री शोवना नारायण ने कला और संस्कृति की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय विरासत को संरक्षित करने के लिए ऐसी पहलें महत्वपूर्ण हैं।
परिषद के अध्यक्ष नीरज भारतीय ने कहा कि भारत प्रतिभा सम्मान केवल एक पुरस्कार नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय मंच है, जो परिवर्तन की आवाजों को पहचानने और बढ़ावा देने के लिए समर्पित है। निदेशक मणि अय्यर ने कहा कि उद्देश्य अगली पीढ़ी के नेताओं को प्रेरित करना और achievers को जोड़ना है।
सम्मानित व्यक्तियों में व्यवसायी आदित्य चौहान, आईटी क्षेत्र की एनवे टेक्नोलॉजीज, सामाजिक उद्यमी डॉ. सचिन वाई. शिगवान, लेखिका मेघा रानी, प्लास्टिक इंजीनियरिंग विशेषज्ञ सुरेश चंद जैन, फिल्म निर्माता सुबोध राणा, ऑन्कोलॉजिस्ट अखिलेश पटेल और दिल्ली की लेखिका-दंतचिकित्सक डॉ. दीपाली बनर्जी सहित कई नाम शामिल रहे।
भारत प्रतिभा सम्मान परिषद उत्कृष्टता, नवाचार और सामुदायिक प्रभाव का जश्न मनाने के लिए समर्पित संस्था है। इसका उद्देश्य समाज में अर्थपूर्ण योगदान करने वाले व्यक्तियों और संस्थानों को सम्मानित करना और उनकी कहानियों को प्रेरणा के रूप में बढ़ावा देना है।






