पॉक्सो अदालत का सख्त फैसला, ₹38 हजार अर्थदंड भी लगाया
रिपोर्ट अभिषेक उपाध्याय
जौनपुर। जनपद की अपर सत्र न्यायाधीश (पॉक्सो) उमेश कुमार की अदालत ने नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने और उसके साथ दुष्कर्म के मामले में दोषी युवक को 20 वर्ष के कठोर कारावास तथा ₹38,000 अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह मामला लगभग सात वर्ष पुराना है।
अभियोजन कथानक के अनुसार सिंगरामऊ थाना क्षेत्र निवासी पीड़िता के पिता ने थाना सिंगरामऊ में तहरीर देकर बताया कि 21 अगस्त 2018 को दोपहर करीब 2 बजे उनकी 14 वर्षीय पुत्री को लवकुश खरवार निवासी ग्राम खजुरन, थाना बदलापुर, बहला-फुसलाकर मुंबई भगा ले गया। आरोप है कि आरोपी ने पीड़ित परिवार पर मुकदमा दर्ज न कराने का दबाव भी बनाया था।
पुलिस ने मामले की विवेचना पूरी कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। सुनवाई के दौरान शासकीय अधिवक्ता राजेश कुमार उपाध्याय एवं कमलेश राय द्वारा प्रस्तुत किए गए गवाहों के बयान तथा पत्रावली में उपलब्ध साक्ष्यों के गहन परीक्षण के बाद अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया।
अदालत ने आरोपी लवकुश खरवार को 20 वर्ष के कठोर कारावास के साथ ₹38,000 के अर्थदंड से दंडित किया। न्यायालय के इस फैसले को नाबालिगों के विरुद्ध अपराधों पर सख्त संदेश देने वाला माना जा रहा है।





