अंधविश्वास व कुरीतियों के खिलाफ उनके विचारों पर चलने का लिया संकल्प, भारत रत्न की मांग उठी
रिपोर्ट विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
चौबेपुर (वाराणसी)। कस्बा स्थित धोबी धर्म संसद में संत बाबा गाडगे जी की जयंती को प्रकाश उत्सव के रूप में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में समाज के लोगों ने उनके आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया।
मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख चोलापुर लक्ष्मीना कन्नौजिया ने कहा कि संत गाडगे जी भारत के महान संत थे। उन्होंने समाज में फैले अंधविश्वास और सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध जनजागरण अभियान चलाया तथा स्वच्छता के माध्यम से सुदृढ़ समाज की स्थापना का संदेश दिया। उन्होंने लोगों को संगठित होकर समाज सुधार के लिए आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
विशिष्ट अतिथि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नरपतपुर के प्रभारी डॉ. राजनाथ ने कहा कि संत गाडगे जी का जीवन मानव सेवा और सामाजिक चेतना का प्रतीक है। उनके जन्म दिवस पर सभी को उनके बताए मार्ग का अनुसरण करना चाहिए।
धोबी धर्म संसद के जिला कोषाध्यक्ष राजकुमार कन्नौजिया ने संत गाडगे जी को स्वच्छता का जनक बताते हुए कहा कि वे बाबा भीमराव अंबेडकर के सामाजिक गुरु रहे। उन्होंने केंद्र सरकार से संत गाडगे जी को भारत रत्न से सम्मानित करने की मांग भी उठाई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता सदर अमीन कन्नौजिया ने की तथा संचालन दयाराम ने किया। इस अवसर पर डॉ. विवेक कुमार, डॉ. नंदलाल, संतलाल, मुन्नालाल, राजकुमार कन्नौजिया, शैलेंद्र, विनोद सहित अनेक लोग उपस्थित रहे। अंत में सोनू कन्नौजिया ने संत गाडगे जी के चित्र पर माल्यार्पण कर धन्यवाद ज्ञापित किया।





