निजीकरण के विरोध में बिजली कर्मियों का प्रदर्शन 276वें दिन भी जारी, तीन माह से वेतन रुका
वाराणसी। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश के आह्वान पर शनिवार को बनारस के बिजली कर्मचारियों ने लगातार 276वें दिन भी विरोध प्रदर्शन किया। वक्ताओं ने कहा कि निजीकरण थोपने के प्रयासों के चलते प्रदेशभर में बड़े पैमाने पर उत्पीड़नात्मक कार्रवाइयां की जा रही हैं।
कर्मचारियों का आरोप है कि हजारों बिजली कर्मियों का तीन माह से वेतन रोक दिया गया है, बावजूद इसके वे ड्यूटी निभा रहे हैं। इसे पूरी तरह अमानवीय और उत्पीड़न की पराकाष्ठा बताया गया। समिति पदाधिकारियों ने कहा कि मई माह में संविदा कर्मियों की व्यापक छंटनी और दूरस्थ स्थानों पर मनमाने तबादले किए गए, जिससे बिजली व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है।
नेताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक निजीकरण का निर्णय वापस नहीं लिया जाता और सभी उत्पीड़नात्मक कार्रवाइयां रद्द नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।





