लंबित वादों के निस्तारण और आईजीआरएस पर गुणवत्तापूर्ण समाधान पर डीएम का सख्त रुख
रिपोर्ट अभिषेक उपाध्याय
भदोही। कर एवं करेत्तर, लंबित रिट याचिकाओं, राजस्व कार्यों तथा राजस्व न्यायालयों से संबंधित मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर डी-श्रेणी की समीक्षा बैठक जिलाधिकारी शैलेष कुमार की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी ने सभी तहसीलदारों को अमीनवार राजस्व वसूली की समीक्षा करने के निर्देश दिए। सभी निकायों के अधिशासी अधिकारियों को पीएम स्वानिधि सहित अन्य मदों में वसूली बढ़ाकर जनपद की राजस्व रैंकिंग सुधारने को कहा गया। लोक निर्माण विभाग एवं सिंचाई विभाग को शासन स्तर पर अपने डेटा में आवश्यक संशोधन कराने के निर्देश दिए गए।
डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिए कि पांच वर्ष से अधिक पुराने लंबित वादों का “न्यायालय आपके द्वार” कार्यक्रम के माध्यम से स्थलीय निरीक्षण कर शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। इस संबंध में सभी अपर जिलाधिकारी, उप जिलाधिकारी एवं तहसीलदारों को जिम्मेदारी सौंपी गई।
उन्होंने मजिस्ट्रेट न्यायालयों में तैनात पेशकारों को ब्रीफ करते हुए कहा कि वादों का एजेंडा, रिपोर्टिंग और टिप्पणियां स्पष्ट, तार्किक और सुस्पष्ट हों। डीएम ने सभी एसडीएम व तहसीलदारों को कड़े निर्देश दिए कि आरसी की वसूली हर हाल में शत-प्रतिशत सुनिश्चित की जाए।
आईजीआरएस की समीक्षा के दौरान असंतोषजनक फीडबैक पाए जाने पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई और शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कर रैंकिंग सुधारने पर जोर दिया। हैसियत नामा से जुड़े लंबित आवेदनों का प्रतिदिन अनुश्रवण कर शीघ्र निस्तारण के निर्देश भी दिए गए।
जिलाधिकारी ने चेतावनी दी कि आईजीआरएस पोर्टल पर कोई भी शिकायत डिफाल्टर श्रेणी में नहीं जानी चाहिए। समय रहते गुणवत्तापूर्ण निस्तारण न होने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने उप जिलाधिकारियों को लक्ष्य के सापेक्ष राजस्व वसूली पूर्ण करने के निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
परिवहन, आबकारी, राजस्व, अधिशासी अधिकारी, खनन सहित सभी संबंधित विभागों को अभियान चलाकर लक्षित राजस्व वसूली करने के निर्देश दिए गए। साथ ही कर-करेत्तर मदों एवं लक्ष्य वसूली से संबंधित लंबित राजस्व वादों की शीघ्र सुनवाई कर निस्तारण सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया।







