बीमारी के बाद कई अस्पतालों में चला इलाज, बीएचयू में तोड़ा दम; बीईओ बोले—छुट्टी की कोई सूचना नहीं मिली थी
रिपोर्ट विरेंद्र प्रताप उपाध्याय
चौबेपुर, (वाराणसी)। चौबेपुर थाना क्षेत्र के कौवापुर गांव निवासी शिक्षामित्र शेख मुहम्मद असगर (49) की मंगलवार देर रात इलाज के दौरान मौत हो गई। उनकी मौत की खबर मिलते ही पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। परिवार में पत्नी और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है।
बताया जाता है कि शेख मुहम्मद असगर प्राथमिक विद्यालय कौवापुर में शिक्षामित्र के पद पर तैनात थे। इन दिनों उनकी ड्यूटी खंड शिक्षा अधिकारी द्वारा एसआईआर कार्य के अंतर्गत भाग संख्या 363, पंचायत भवन बहरामपुर में लगाई गई थी। इसी दौरान करीब 13–14 दिन पहले उनकी तबीयत अचानक खराब हो गई। तबीयत बिगड़ने पर उन्होंने 24 और 25 फरवरी को विद्यालय से अवकाश ले लिया था।
परिजनों ने उन्हें इलाज के लिए सबसे पहले कजाकपुरा स्थित न्यू सहारा हॉस्पिटल में भर्ती कराया। हालत में सुधार न होने पर उन्हें पहड़िया के एक निजी अस्पताल में ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें पीलिया से ग्रसित बताया और उपचार शुरू किया। लेकिन उनकी स्थिति लगातार बिगड़ती चली गई।
इसके बाद परिजन उन्हें बेहतर इलाज के लिए बीएचयू अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान मंगलवार देर रात उनकी मौत हो गई।
इधर, खंड शिक्षा अधिकारी नागेंद्र सरोज ने बताया कि शिक्षामित्र की बीमारी या अवकाश को लेकर परिवार या संबंधित व्यक्ति द्वारा किसी प्रकार की जानकारी नहीं दी गई थी। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते सूचना दी जाती तो अवकाश स्वीकृत कर किसी अन्य की ड्यूटी लगा दी जाती। उन्होंने इस संबंध में लगाए जा रहे आरोपों को निराधार बताया है।
वहीं, शिक्षामित्र की मौत की खबर मिलते ही गांव और क्षेत्र में शोक का माहौल बन गया। ग्रामीणों और परिचितों ने शोक व्यक्त करते हुए परिवार को ढांढस बंधाया।





