मुख्यमंत्री ने पंचायत प्रतिनिधियों से किया संवाद, प्रदेश विकास के लिए मांगे सुझाव
चंदौली : विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश 2047 के विजन को साकार करने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को जिला पंचायत अध्यक्षों, ब्लॉक प्रमुखों और क्षेत्र पंचायत सदस्यों से संवाद किया। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने पंचायत प्रतिनिधियों से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों को आत्मनिर्भर बनाने की कार्ययोजना तैयार करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित भारत की नींव ग्राम पंचायतों से शुरू होती है। जब तक ग्राम पंचायत और क्षेत्र पंचायत मजबूत नहीं होंगे, तब तक प्रदेश और देश को विकसित बनाने का सपना अधूरा रहेगा। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों को भेजे गए पत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि सभी सदस्य विकसित भारत की परिकल्पना को साकार करने में भागीदार बनें।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के 12 सेक्टर—कृषि एवं पशुधन, औद्योगिक विकास, आईटी एवं नई तकनीक, पर्यटन, नगर व ग्राम्य विकास, अवस्थापना, सामाजिक कल्याण, स्वास्थ्य, शिक्षा, सुरक्षा एवं सुशासन आदि पर सुझाव आमंत्रित किए गए हैं। सरकार द्वारा जारी क्यूआर कोड स्कैन कर या https://samarthuttarpradesh.up.gov.in पर लोग अपने सुझाव भेज सकते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक जनपद से मिले सुझावों में से तीन सर्वश्रेष्ठ सुझाव देने वालों को जनपद स्तर पर सम्मानित किया जाएगा। अब तक प्रदेश भर से 12 लाख से अधिक सुझाव प्राप्त हो चुके हैं।
मुख्यमंत्री ने पंचायत प्रतिनिधियों से स्वच्छता और विकास कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि “विकसित भारत का हिस्सा बनने के लिए हर नागरिक को जिम्मेदारी उठानी होगी।”







