1.23 लाख कनेक्शन में से 70 हजार घरों में उपयोग, सस्ती व सुविधाजनक गैस को बढ़ावा देने पर जोर
वाराणसी । वाराणसी में एलपीजी गैस संकट के बीच अब घर-घर पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) की आपूर्ति को लेकर प्रशासन और गेल इंडिया ने कवायद तेज कर दी है। इस संबंध में मंडलायुक्त सभागार में कमिश्नर एस. राजलिंगम और गेल इंडिया के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर एच.के. गर्ग ने संयुक्त प्रेस वार्ता कर विस्तृत जानकारी दी।
गेल इंडिया के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर एच.के. गर्ग ने बताया कि वाराणसी देश के उन चुनिंदा शहरों में शामिल है जहां व्यापक स्तर पर पीएनजी गैस पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है। नोएडा के बाद वाराणसी इस सुविधा वाला दूसरा प्रमुख शहर है, जहां लगभग 1442 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन नेटवर्क तैयार किया गया है। वर्तमान में शहर के 1 लाख 23 हजार 322 घरों में कनेक्शन उपलब्ध है, जबकि करीब 69 हजार 354 घरों में इसका सक्रिय उपयोग हो रहा है।
उन्होंने बताया कि पीएनजी गैस उपयोगकर्ताओं के लिए बेहद सुविधाजनक है, क्योंकि इसमें न तो सिलेंडर बुकिंग की जरूरत होती है और न ही खत्म होने की चिंता रहती है। साथ ही यह एलपीजी की तुलना में सस्ती भी है। पीएनजी कनेक्शन के लिए किसी प्रकार का रजिस्ट्रेशन शुल्क नहीं लिया जाएगा, बल्कि पहला बिल आने पर 500 रुपये शामिल होंगे। इसके अलावा प्रति माह एक रुपये सर्विस चार्ज और मीटर रीडिंग के आधार पर बिल लिया जाएगा। वर्तमान दर लगभग 47 रुपये प्रति घन मीटर निर्धारित की गई है, जो एलपीजी सिलेंडर की तुलना में किफायती साबित होगी।
कमिश्नर एस. राजलिंगम ने बताया कि शहर के अधिकांश क्षेत्रों में पीएनजी पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है। पुराने शहर के कुछ हिस्सों में अभी कार्य शेष है, जहां जल्द ही पाइपलाइन विस्तार का काम शुरू किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्तमान में गैस आपूर्ति को लेकर किसी प्रकार का संकट नहीं है और धर्मशालाओं, एमडीएम तथा अन्न क्षेत्रों में पर्याप्त उपलब्धता बनी हुई है।
प्रशासन का लक्ष्य है कि जिन क्षेत्रों में पाइपलाइन पहले से उपलब्ध है, वहां अधिक से अधिक लोगों को कनेक्शन दिलाया जाए। इसके बाद उन इलाकों को प्राथमिकता दी जाएगी जहां से अधिक मांग प्राप्त होगी, ताकि शहरवासियों को सस्ती, सुरक्षित और निर्बाध गैस आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।




